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सागर समाचार

बांदरी* *4-1-2019* *चिकित्सा के लिए अध्यात्म है* बांदरी जिला सागर( मध्यप्रदेश) मे *सर्व श्रेष्ठ साधक आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज* के शिष्य *मुनि श्री विमल सागर जी मुनि श्री अनंत सागर जी मुनि श्री धर्म सागर जी मुनि श्री अचल सागर जी मुनि श्री भाव सागर

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बांदरी* *4-1-2019*
*चिकित्सा के लिए अध्यात्म है*
बांदरी जिला सागर( मध्यप्रदेश) मे *सर्व श्रेष्ठ साधक आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज*  के शिष्य
*मुनि श्री विमल सागर जी मुनि श्री अनंत सागर जी मुनि श्री धर्म सागर जी मुनि श्री अचल सागर जी मुनि श्री भाव सागर जी ससंघ एवम  आर्यिका श्री अनंत मति माताजी  ससंघ के सानिध्य मे आचार्य श्री की पूजन हुई और  20 से 26 जनवरी 2019 तक बांदरी में ऐतिहासिक पंचकल्याणक महोत्सव संपन्न होने जा रहा है जिसमें मुनि श्री विमल सागर जी महाराज ससंघ एवं आर्यिका श्री अनंत मति माताजी ससंघ 22 माताजी का सानिध्य प्राप्त होगा एवं आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज के सानिध्य के लिए प्रयास जारी है धर्म सभा को संबोधित करते हुए आर्यिका श्री अनंत मति माताजी ने कहा कि पंचकल्याणक होने वाला है मुनि श्री विमल सागर जी मे आचार्य श्री जी की  ऊर्जा प्रत्येक आत्म  प्रदेश में समाहित है पंच बालयति मुनि राजो में वही ऊर्जा सांचारित हो रही है महान महोत्सव संपन्न होना है तैयारियां  चल रही है। अपनी भक्ति और श्रद्धा को बढ़ा रहे हैं। हमारा जीवन धन्य हो जाए। गुरुदेव के चरण  हमारे नगर में पड़े ऐसी भक्ति हम बढ़ाएं। ऐसी विशुद्धि और भक्ति बढ़ाते जा रहे हैं कि गुरुदेव के दर्शन अति शीघ्र हों।  गुरुदेव के चरणों मे हमारी भक्ति पहुंच जाए।आचार्य श्री का समवसरण आ जाए।आचार्य श्री चाहे गर्मी हो ठंड हो या बरसात हो एक समान रहते है। हम गुरुदेव के छोटे से सेवक हैं । मुनि श्री विमल सागर जी ने कहा कि  आचार्य भगवन की हमारे ऊपर महती कृपा हुई है । मन की चिकित्सा के लिए अध्यात्म ग्रंथों की रचना हुई। कुछ लोग जीवन से ज्यादा धन को महत्व देते हैं। जिसको जो मिला है उससे संतुष्टि नहीं होती है। पड़ोसी का मकान वैभव देखकर आपको ज्यादा तकलीफ होती है। एक दृश्टान्त देते हुए बताया कि व्यक्ति की इच्छाएं ज्यादा रहती है लेकिन मिलता नहीं है। लोभ कषाय ऐसी बैठी रहती है कि व्यक्ति जानता है कि सब कुछ छोड़ना है लेकिन फिर भी जोड़ता रहता है। धन की तीन गति होती हैं दान भोग और नाश जो अपने साथ पुण्य रूपी धन ले जाये वही सही माना जाता है। प्रतिष्ठाचार्य ब्रहमचारी विनय भैया बंडा के निर्देशन मे पंच कल्याणक समिति का गठन किया गया। जिसमें अध्यक्ष अशोक जैन को बनाया गया और भी पदाधिकारियों  को  पद दिए गए। चौबीसी त्रिमूर्ति श्री आदिनाथ जी श्री भरत जी बाहुबली जी आदि प्रतिमाओं को विराजमान करने की स्वीकृति बहुत से लोगो ने दी मध्य प्रदेश के  ग्रामोद्योग कैबिनेट मंत्री श्री हर्ष यादव जी ने मुनि श्री के दर्शन किये और उन्होंने कहा की मुनि श्री के आशीर्वाद से मुझे जीत हासिल हुई हैं। पहली बार विधायक बने तो मुनि श्री का चातुर्मास देवरी मे था और इस बार गौरझामर मैं चातुर्मास था मुनि श्री के आशीर्वाद से ही ये जीत हाशिल हुई है पंचकल्याणक महोत्सव  में एवं गौशाला में सहयोग करेंगे यह उन्होंने कहा 
*प्रेषक* नीरज वैद्यराज पत्रकार
              07582888100

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