Jump to content
  • entries
    135
  • comments
    108
  • views
    25,236

Contributors to this blog

About this blog

आचार्य श्री विद्यासागर जी महराज से सम्बन्धित नवीनतम समाचार.

published news updates about Acharyashri Vidyasgar Ji Maharaj, प्रेस विज्ञप्ति /Press Release related to Acharya Vidyasagar Ji maharaj 

Entries in this blog

 

भारत की शिक्षा नीति में बदलाव की आवश्यकता : आचार्य विद्यासागर जी महाराज

*करोड़ों की लागत से नेमावर में निर्मित पंच बालयति मंदिर का पंचकल्याणक महोत्सव फरवरी में* भारत की शिक्षा नीति में बदलाव की आवश्यकता : आचार्य विद्यासागर जी महाराज ~~~~~~~~~~~~~~~ इंदौर:-प्रसिद्ध जैन आचार्य विद्यासागर जी महाराज के आशीर्वाद से सिद्धोदय सिद्ध क्षेत्र नेमावर में निर्माणाधीन पंच बालयति सहस्त्रकूट जिनालय, त्रिकाल चौबीसी जिनालय और संत सदन का निर्माण पूर्ण होकर भव्य पंच कल्याणक महोत्सव फरवरी 2020 में आयोजित किया जाएगा_। _यह जानकारी सिद्धोदय सिद्ध क्षेत्र, नेमावर तीर्थ क्षेत्र निर्म
 

आचार्य श्री तो चलते-फिरते तीर्थ हैं, साक्षात भगवान के समान हैं: उमाभारती

आचार्यश्री विद्यासागरजी महाराज के दर्शन करने पहुंची पूर्व मुख्यमंत्री उमाभारती ✍🏻 पुनीत जैन! खातेगांव  गुरुवार शाम प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमाभारती आचार्यश्री विद्यासागरजी महाराज के दर्शन करने नेमावर पहुंची। उमाभारती ने आचार्यश्री से गंगा, गौ रक्षा, हथकरघा और कश्मीर में धारा 370 खत्म होने के विषय पर भी चर्चा की।   उमाभारती ने कहा वो राजनीती से इतर गंगा और गौ की सेवा करनी चाहती हैं। इन दोनों के लिए गंगोत्री से गंगासागर तक पैदल चलना चाहती हैं। आचार्यश्री ने कहा आज के समय जल प्रबंधन
 

मूकमाटी, बस्तर विश्वविद्यालय छतीसगढ़ के एम. ए. हिन्दी के पाठ्यक्रम में शामिल

आचार्य श्री 108 विद्यासागर जी महाराज द्वारा रचित महाकाव्य मूकमाटी, बस्तर विश्वविद्यालय छतीसगढ़ के एम. ए. हिन्दी के पाठ्यक्रम में शामिल किया गया |  
आचार्य श्री विद्यासागरजी महाराज चातुर्मास कलश स्थापित,  हेलीकॉप्टर से आए लाभार्थी,  आचार्यश्री बोले- शतरंज की सेना की तरह साधक भी कदम बढ़ा दे तो फिर पीछे नहीं हटता

आचार्य श्री विद्यासागरजी महाराज चातुर्मास कलश स्थापित, हेलीकॉप्टर से आए लाभार्थी, आचार्यश्री बोले- शतरंज की सेना की तरह साधक भी कदम बढ़ा दे तो फिर पीछे नहीं हटता

आचार्य श्री विद्यासागरजी महाराज चातुर्मास कलश स्थापित, हेलीकॉप्टर से आए लाभार्थी, आचार्यश्री बोले- शतरंज की सेना की तरह साधक भी कदम बढ़ा दे तो फिर पीछे नहीं हटता   पावन वर्षायोग चतुर्मास 2019 कलश स्थापना अपडेट मुनि नियम सागरजी (दक्षिण भारत मे विराजमान) एवं मुनि सुधासागर जी को आचार्यश्री विद्यासागरजी महाराज ने निर्यापक की उपाधि दी।   जैन तीर्थ सिद्धोदय क्षेत्र में आचार्य विद्यासागरजी महाराज  के ससंघ चातुर्मास को लेकर कलश स्थापना कार्यक्रम रविवार को हुआ। इस
कोटा बूंदी सांसद ओम् बिरला ने लिया आचार्य श्री से आशीर्वाद

कोटा बूंदी सांसद ओम् बिरला ने लिया आचार्य श्री से आशीर्वाद

आचार्य श्री के पास पहुँचे बिरला कोटा बूंदी सांसद ओम् बिरला जी॰एम॰ए॰ अध्यक्ष राकेश कुमार जैन के साथ आज वर्तमान के वर्धमान आचार्य भगवन श्री विद्यासागर जी महाराज के दर्शनार्थ मध्यप्रदेश के जबलपुर पहुँचे। आचार्य श्री ने बिरला से चर्चा करते हुए कहा कि भारत में वर्षा के जल को बनाये रखने और धरती में जल को बनाए रखने के लिये नदियों को जोड़ेने की आवश्यकता हे जिस पर काम किया जाना चाहिये ऐसा करने से खेती, जानवर, पशु , पक्षी और मनुष्य सभी को पर्याप्त पानी मिल सकेगा और वर्षा से जो जल व्यर्थ बह जाता हे उ
*केंद्रीय गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह जी ने लिया आचार्य श्री का आशीर्वाद*

*केंद्रीय गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह जी ने लिया आचार्य श्री का आशीर्वाद*

आज प्रतिभास्थाली / दयोदय जबलपुर में मआचार्य भगवन विद्यासागर जी महाराज के दर्शन करने पहुँचे..भारत के गृह मंत्री श्री राजनाथ सिंह एंव मध्य प्रदेश के भाजपा  अध्यक्ष राकेश सिंह..!! ● श्री राजनाथ सिंह ने गुरु पादप्रक्षालन को किया..!! ● दोनों नेताओं ने गुरु पूजन के साथ श्रीफल अर्पित किया..!! ● जैन समाज की ऒर से मध्य-प्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री श्री जयंत मलैया जी मौजूद रहें..!! ● करीब आधे घँटे तक चला गुरु जी से वार्तालाप..!! ● देश -प्रदेश के बड़े बड़े नेता समय समय पर गुरु चरणों में देते रहत
प्रतिभास्थली जबलपुर मे हुआ समयसार का संपादन, स्वर्णाक्षरों में लेखन (9 अप्रेल 2019)

प्रतिभास्थली जबलपुर मे हुआ समयसार का संपादन, स्वर्णाक्षरों में लेखन (9 अप्रेल 2019)

समयसार का संपादन, स्वर्णाक्षरों में लेखन - आत्मा का सार जिसमें छुपा है ऐसे श्री समयसार ग्रंथराज का चांदी के पृष्ठों पर स्वर्णाक्षरों में लेखन का कार्य ब्र. भैया जी ने हज़ारों वर्षों के लिए जिनवाणी को सुरक्षित करने का पुण्य कार्य किया है।    प्रतिभास्थली जबलपुर - 9 अप्रेल 2019 को आचार्य गुरुवर श्री विद्यासागर जी महाराज के मंच से 11 किलो वजन वाले इस महान ग्रंथ को 11 लाख 11 हज़ार 111रू. की बोली के साथ ज्ञानदान के रूप में ब्र. विजयलक्ष्मी दीदी जी (भूतपूर्व डिप्टीकलेक्टर) ने इस युग के श्रेष्ठ
 

ज्यादा आवाज करने वाला कौआ भी शांत रहता है, लेकिन हम लगातार बोलते रहते हैं

ज्यादा आवाज करने वाला कौआ भी शांत रहता है, लेकिन हम लगातार बोलते रहते हैं संत शिरोमणि आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को चाहिए कि वह धीमे बोले और कम से कम बोले। ऐसा करके वह ध्वनि प्रदूषण को कम करने में अपना योगदान दे सकता है। वे नर्मदा के तिलवाराघाट तट पर स्थित दयोदय तीर्थ में धर्मसभा को संबोधित कर रहे थे। आचार्यश्री ने बताया कि पशु-पक्षी भी रात्रि में मौन रहते हैं। सबसे ज्यादा आवाज करने वाला कौआ भी शांत रहता है, लेकिन हम लगातार बोलते रहते हैं। मनुष्य यह भी नहीं सोचत
आचार्यश्री के ससंघ 51 मुनिराज, 2 ऐलक श्री, 63 आर्यिकाओं के सानिध्य में 100 प्रतिमाओं की प्रतिष्ठा, अब बीना बारहा का नया नाम होगा शांतिधाम

आचार्यश्री के ससंघ 51 मुनिराज, 2 ऐलक श्री, 63 आर्यिकाओं के सानिध्य में 100 प्रतिमाओं की प्रतिष्ठा, अब बीना बारहा का नया नाम होगा शांतिधाम

आचार्यश्री के ससंघ 51 मुनिराज, 2 ऐलक श्री, 63 आर्यिकाओं के सानिध्य में 100 प्रतिमाओं की प्रतिष्ठा, अब बीना बारहा का नया नाम होगा शांतिधाम अतिशय क्षेत्र बीना बारहा में 30 साल बाद दूसरी बार हुए पंचकल्याणक महाेत्सव के अंतिम दिन रविवार काे आचार्यश्री विद्यासागर महाराज के ससंघ सानिध्य में गजरथ महोत्सव में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी। गजरथ की सात फेरियों के साथ महोत्सव का समापन हाे गया और प्रभु का मोक्ष की ओर गमन हुआ। इस पूरे आयोजन में 100 प्रतिमाओं को प्रतिष्ठित किया गया, जिन्हें जबलपुर, हर्रई, के
 

अपना कल्याण करना है तो मन के भीतर जाना होगा, ज्यादा पैसाें की बोली लगाने से कुछ नहीं होता: आचार्यश्री

केवल ज्यादा पैसों की बोली लगाने से कुछ नहीं होता, तनाव को कम करने के लिए दान देते हैं। जबकि तन को दूर करने के लिए दान दिया जाता है। यह उद्गार राष्ट्रीय जैन संत आचार्य श्री विद्यासागर महाराज ने देवरी के दिगंबर जैन मंदिर परिसर में व्यक्त किए। आचार्य श्री विद्यासागर महाराज सुबह गोपालपुरा से देवरी नगर पहुंचे जहां देवरी जैन समाज द्वारा धूमधाम से अगवानी की गई। इसके बाद आहार चर्या का सौभाग्य नन्हे भाई जैन परिवार को मिला।   प्रवचन के दौरान आचार्यश्री ने कहा कि आप लोग केवल देहरी पर रह रहे हैं

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

 

16 एवं 17 फरवरी को सागर भाग्योदय तीर्थ परिसर में संपन्न हुई राष्ट्रीय हथकरघा संगोष्ठी

राष्ट्रीय हथकरघा संगोष्ठी संपन्न हुई 16 17 फरवरी को सागर भाग्योदय तीर्थ परिसर में दिगंबराचार्य श्री 108 विद्यासागर जी महाराज के ससंघ सानिध्य में दो दिवसीय राष्ट्रीय जेल हथकरघा संगोष्ठी संपन्न हुई करीब 20,000 की जनता द्वारा कार्यक्रम को सराहा गया 16 फरवरी की प्रातः मध्यप्रदेश शासन की लघु एवं कुटीर उद्योग मंत्री श्री हर्ष यादव द्वारा दीप प्रज्वलन की कार्रवाई संपन्न की दिल्ली तिहाड़ जेल से आए हुए डीआईजी श्री एसएस परिहार द्वारा जेल हथकरघा में बन रही साड़ियों की खूब सराहना की और तिहाड़ जेल में यथा शी

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

 

हमारा स्वागत चिल्लर पार्टी ने किया है : आचार्यश्री विद्यासागर

आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने गौरझामर में एक धर्म सभा के दौरान कहा कि रंग देखकर भी रंग बदल जाता है। दान देने वालों को देख कर दान देने के भाव भी बन जाते हैं। छोटे-छोटे बच्चे जिन्हें हम चिल्लर पार्टी कहते हैं। उन्होंने भी हमारी अगवानी की है। खूब जयकारा लगाया है। बहुत पुण्यात्मा जीव होंगे। आचार्यश्री ने कहा छोटे-छोटे बच्चे सर्दी में भी सुबह से हमारा नाम लेकर जयकारा लगाते हैं।  उन्होंने कहा कि मूक पशुओं की रक्षा के लिए आपके ग्राम में गौशाला बनकर तैयार हुई है। आप लोगों को अच्छे ढंग से उसकी देखभा

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

 

मन में छोड़ने के भाव हैं तो बिल्कुल भी विलंब नहीं करना चाहिए : आचार्यश्री

सागर के सुरखी कस्बे में मंगलवार काे आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने धर्मसभा में कहा की यदि मन में छोड़ने के भाव हैं तो बिल्कुल भी विलंब नहीं करना चाहिए। ग्रामीण क्षेत्र में आपके द्वारा छोड़ने के भाव जल्दी बन जाते हैं। शहरों में यह काम देर में होता है  आचार्य श्री ने कहा दक्षिण में छोटे-छोटे बच्चों को झबला पहनाया जाता है। उसमें बटन नहीं होते, चैन नहीं होती, लेकिन एक धागा होता है। उस धागे को खींच दो और छोड़ दो तो वह टाइट हो जाता है या थोड़ा खुल जाता है। इससे बच्चों को दिक्कत नहीं होती है। यही ह

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

भाग्याेदय तीर्थ से आचार्यश्री का ससंघ बीना-बारहा की ओर विहार

भाग्याेदय तीर्थ से आचार्यश्री का ससंघ बीना-बारहा की ओर विहार

संत शिरोमणि आचार्यश्री विद्यासागर महाराज का ससंघ मंगल विहार साेमवार काे दोपहर भाग्योदय से बीना-बारहा की ओर हुआ। वह यहां 24 दिन विराजमान रहे। आचार्य श्री दाेपहर 1.30 बजे संत भवन से निकले और मंदिर पहुंचे, वहां से सीधे सुभाष नगर हाेते हुए राहतगढ़ बस स्टैंड, विजय टॉकीज, मस्जिद, तीन बत्ती से परकोटा,बसस्टैंड, गोपालगंज, लाल स्कूल होकर जिला पंचायत चौराहा से विश्वविद्यालय पहुंचे। वहां से बम्हाेरी चौराहा होते हुए चितौरा गांव पहुंचे। जहां रात्रि विश्राम किया।  21 किमी की दूरी आचार्यश्री ने पौने चार घंटे

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

हथकड़ी से हथकरघा की ओर बढ़ रहे हाथों की चर्चा हर जगह, युवा हस्तक्षेप की जगह हस्तकला में बनें निपुण : आचार्यश्री

हथकड़ी से हथकरघा की ओर बढ़ रहे हाथों की चर्चा हर जगह, युवा हस्तक्षेप की जगह हस्तकला में बनें निपुण : आचार्यश्री

पिछले दिनों से हथकड़ी से हथकरघा की ओर बढ़ रहे हाथों की चर्चा है। जिसका शंखनाद केंद्रीय जेल सागर से हुआ और पूरे देश को आकर्षित कर रहा है। युवा पीढ़ी को हस्तक्षेप की बजाय हस्तकला में निपुण बनना होगा। कभी-कभी अनावश्यक हस्तक्षेप हमें हथकड़ी पहनने पर मजबूर कर देता है। हथकरघा से बने वस्त्र पहनने से हम न्याय व शांति प्रिय बन जाते हैं। यह बात आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने भाग्योदय तीर्थ में आयोजित राष्ट्रीय हथकरघा संगोष्ठी के समापन पर कही। उन्होंने कहा कि जब देश में अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में हिंद

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

आचार्यश्री बोले : हथकरघा मात्र निर्वाह नहीं, निर्माण है मंत्री ने कहा : जेल के बाहर भी ऐसे केंद्र खोलेंगे ताकि रोजगार बढ़े

आचार्यश्री बोले : हथकरघा मात्र निर्वाह नहीं, निर्माण है मंत्री ने कहा : जेल के बाहर भी ऐसे केंद्र खोलेंगे ताकि रोजगार बढ़े

केंद्रीय जेल सागर में हथकरघा केंद्र का उद्घाटन कार्यक्रम शनिवार को भाग्योदय तीर्थ परिसर में हुआ।  आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने कहा कि विदेशी लोगो ने भारत को जाना पहचाना है पर भारत के लोगों ने अपने स्वयं के इतिहास काे नहीं जाना है। शील मर्यादा का पालन विदेशी वस्त्रों से कभी संभव नहीं है हथकरघा के वस्त्रों के माध्यम से इसका पालन कर सकते हैं। इसी में आप स्वस्थ रहोगे और इसी में परमार्थ भी करोगे। उन्होंने कहा कि आज्ञाकारी एक लड़का अच्छा है आज्ञा देने वाले कई लड़कों से। मनोरंजन की सामग्री ने भार

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

सोया नहीं करो, जागृत रहा करो ढंग बदलो, इससे सब कुछ बदल जाता है: आचार्यश्री

सोया नहीं करो, जागृत रहा करो ढंग बदलो, इससे सब कुछ बदल जाता है: आचार्यश्री

सोया नहीं करो, जागृत रहा करो ढंग बदलो, इससे सब कुछ बदल जाता है: आचार्यश्री     आचार्य श्री विद्यासागर महाराज ने भाग्योदय तीर्थ में शुक्रवार काे धर्म सभा में कहा कि जीवन में ढंग बदल लो, ढंग बदलने से सब कुछ बदल जाता है यह चेतन का परिणाम है पर इसे आप जड़ मानते हो इसी कारण हम जड़ यानी अज्ञानी हो गए हैं ।  आचार्य श्री ने कहा एक मणि होती है जिसके प्रभाव क्या होते हैं अगर प्रकाश नहीं भी हो तो वह चारों ओर प्रकाशित करती है। चंद्रमा जब आकाश में आता है तो उसका प्रकाश फैलता है चंद्रमा

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

हमें वस्तु स्थिति को स्वीकार करना चाहिए, इससे लोगों का भ्रम दूर हो जाता है. आचार्य विद्यासागर

हमें वस्तु स्थिति को स्वीकार करना चाहिए, इससे लोगों का भ्रम दूर हो जाता है. आचार्य विद्यासागर

हमें वस्तु स्थिति को स्वीकार करना चाहिए, इससे लोगों का भ्रम दूर हो जाता है. आचार्य विद्यासागर आप लोगों को कुछ बातों के ऊपर विश्वास नहीं होता है, अथवा समझ में नहीं आता है। कार्य देखकर कहने लगते हो कि देव चमत्कार है या कोई जादू टोना है या फिर शंका होने लगती है हमें वस्तुस्थिति को स्वीकार करना चाहिए उसे दृढ़ श्रद्धान करके अपना लेना चाहिए वस्तुस्थिति की जानकारी होने पर लोगों का भ्रम दूर हो जाता है। यह बात भाग्याेदय में विराजमान आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने गुरुवार काे धर्म सभा में कही। आचार्

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

हथकरघा पर केंद्रित राष्ट्रीय संगोष्ठी 16,17 फरवरी काे भाग्योदय तीर्थ में, देश के कई राज्यों के जेल अधिकारी आएंगे

हथकरघा पर केंद्रित राष्ट्रीय संगोष्ठी 16,17 फरवरी काे भाग्योदय तीर्थ में, देश के कई राज्यों के जेल अधिकारी आएंगे

हथकरघा पर केंद्रित राष्ट्रीय संगोष्ठी 16,17 फरवरी काे भाग्योदय तीर्थ में, देश के कई राज्यों के जेल अधिकारी आएंगे   आचार्य विद्यासागर महाराज की स्वर्णिम योजना हथकरघा एक सामाजिक क्रांति को राष्ट्रीय स्वरूप प्रदान करने अाैर जेल में रह रहे कैदियों के पुनर्वास के लिए भाग्योदय तीर्थ में आचार्य संघ के सानिध्य में दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का 16 अाैर 17 फ़रवरी को आयोजित की जाएगी। कार्यक्रम प्रभारी ब्रम्हचारी डॉ. रेखा जैन, प्रवक्ता वीरेन्द्र मालथौन ने बताया कि संगोष्ठी में दिल्ली, हरियाणा ,

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

पूजन हमेशा सावधान और मन लगाकर करना चाहिए - आचार्य श्री

पूजन हमेशा सावधान और मन लगाकर करना चाहिए - आचार्य श्री

संत शिरोमणि आचार्य श्री विद्यासागर महाराज ने भाग्योदय परिसर में आयोजित धर्मसभा में कहा कि पूजा कैसे की जाती है। जिस समय जो अर्घ चढ़ाना चाहिए वह चढ़ाएं, इससे कर्मों की निर्जरा होती है। पूजन करते समय हमेशा सावधानी बरतना चाहिए और चावल का एक कण भी नीचे नहीं गिरना चाहिए।   आचार्य श्री ने कहा भक्ति कैसे करना है पूजन कैसे करना है यह आपको मन लगाकर करना चाहिए। पूजन करना आपको अच्छे तरीके से सीखना पड़ेगा। अर्घ चढ़ाते हैं और बिखराते हैं गली गली, ऐसा नहीं होना चाहिए। समय का अपव्यय नहीं करना चाहिए, बल्क

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

इंडिया नहीं भारत बाेलाे का संदेश देने निकली दुपहिया वाहन रैली, 150 मिनट में पूरी की 11 किमी की परिक्रमा

इंडिया नहीं भारत बाेलाे का संदेश देने निकली दुपहिया वाहन रैली, 150 मिनट में पूरी की 11 किमी की परिक्रमा

इंडिया नहीं भारत बाेलाे का संदेश देने निकली दुपहिया वाहन रैली, 150 मिनट में पूरी की 11 किमी की परिक्रमा   इंडिया नहीं भारत बाेलाे का संदेश देने मंगलवार दाेपहर डेढ़ बजे भाग्याेदय तीर्थ परिसर में आचार्य श्री विद्यासागर महाराज का आशीर्वाद लेकर शहर में निकली दोपहिया वाहन रैली ने 11 किलोमीटर की परिक्रमा दाे घंटे तीस मिनट में पूरी की। मंगलवार का दिन युवाओं ने देश के नाम किया और करीब एक हजार दुपहिया वाहन पर सवार 1500 से अधिक युवाअाें अाैर वरिष्ठ जनाें ने “इंडिया नहीं भारत बोलो “ का संदेश शहर

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

जीवन में पोशाक भले ही बदल जाए पर सिद्धांत कभी नहीं बदलते: अाचार्यश्री

जीवन में पोशाक भले ही बदल जाए पर सिद्धांत कभी नहीं बदलते: अाचार्यश्री

आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने भाग्योदय तीर्थ में साेमवार काे धर्मसभा में कहा कि जैन धर्म भाव प्रधान है मनुष्य भी पूजन करता है और त्रियंच भी पूजन करता है जिसके पास जल नहीं है तो वह समता पूर्वक शांति के साथ गुणानुवाद करता है। आचार्य श्री ने कहा महावीर भगवान और आदिनाथ भगवान के युग को नहीं बदला जा सकता है। पोशाक भले बदल जाएं पर सिद्धांत कभी नहीं बदलते आलंबन मेरे योग्य है वह करूंगा भीतरी भाव परख है तो धर्म उसी के परिणाम निकलता है आचार्य श्री ने कहा हमारी यात्रा अखंड चलती है एक एक पग चलती है अपनी चा

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

दिमाग चलाना ठीक है पर अपने हिसाब से दिमाग लगाना ठीक नहीं : आचार्यश्री

दिमाग चलाना ठीक है पर अपने हिसाब से दिमाग लगाना ठीक नहीं : आचार्यश्री

म अहिंसा परमाे धर्म की जय, अाचार्य कुंद कुंद सागर, अाचार्य ज्ञानसागर महाराज की जय। अाज रविवार है। जनता अाती है अाैर भूल जाती है कि जगह मिलेगी कि नहीं, जगह क्या है। जगह ताे दिल में मिलना चाहिए। जगह क्या है। यह लेने देने की नहीं, हमेशा दिल में जगह होना चाहिए। दिल में कितनी जगह है इसको हम नाप नहीं सकते, लेकिन हम जगह सबकाे दे सकते हैं।  दिमाग चलाना ठीक है पर अपने हिसाब से दिमाग लगाना ठीक नहीं हाेता है। हमें अपने इस पागलपन पर राेष अाना चाहिए। धन एेसे ही नहीं अा जाता, पसीना आने के बाद ही पैसा आता ह

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

अपना प्रभुत्व बनाए रखने के लिए दान करना आवश्यक है : आचार्य विद्यासागर

अपना प्रभुत्व बनाए रखने के लिए दान करना आवश्यक है : आचार्य विद्यासागर

अपना प्रभुत्व बनाए रखने के लिए दान करना आवश्यक है : आचार्य विद्यासागर   धन सब के पास दो प्रकार का होता है एक धन घूमता रहता है और दूसरा धन स्थिर रहता है अपना प्रभुत्व बनाए रखने के लिए दान करना आवश्यक है ये बात आचार्यश्री विद्यासागर महाराज ने शनिवार को भाग्योदय तीर्थ में शनिवार काे एक धर्मसभा में कही। आचार्यश्री ने कहा कि शरीर में आत्मा रह रही है शरीर आत्मा नहीं है। शरीर साथ नहीं दे रहा हो तो आत्मा कहती है मेरे पास पंख हैं, तुम्हारे पैर अब किसी काम के नहीं हैं। आप शरीर के नहीं आत्मा के द

Vidyasagar.Guru

Vidyasagar.Guru

×
×
  • Create New...